बड़े सवाल

आपकी उम्र 47 हो गई है, तो नया निवेश NPS में करें या EPF में?

जवाब तीन बातों पर निर्भर है जो ज़्यादातर NPS कैलकुलेटर कभी नहीं दिखाते

जवाब तीन बातों पर निर्भर है जो ज़्यादातर NPS कैलकुलेटर कभी नहीं दिखातेAnand Kumar/AI-Generated Image

सारांशः ज़्यादातर NPS बनाम EPF की तुलना यह मानकर चलती है कि पाठक की उम्र 30 साल है. 47 साल में तीन चीज़ें बदल जाती हैं और इनसे पूरा हिसाब-किताब पलट जाता है. जो लोग अभी यह फ़ैसला कर रहे हैं, उनमें से ज़्यादातर ग़लत अनुमानों के साथ काम कर रहे हैं.

शर्माजी की उम्र 47 साल है. बेसिक और DA मिलाकर सालाना ₹25 लाख कमाते हैं और EPF में 60 लाख जमा हैं. सवाल यह है कि रिटायरमेंट का अगला रुपया NPS में जाना चाहिए या नहीं.

ज़्यादातर “NPS बनाम EPF” के लेख यह मानकर चलते हैं कि पाठक 30 साल का है. 47 साल में तीन चीज़ें बदल जाती हैं. इक्विटी को कंपाउंड होने के लिए सिर्फ़ 13 साल मिलते हैं. ज़बरदस्ती की एन्युटी पूरे हिसाब पर हावी हो जाती है. और, फ़ाइनेंशियल ईयर 26 से डिफ़ॉल्ट बन चुका न्यू टैक्स रिज़ीम एक जानी-पहचानी सोच को उलट देता है.

नंबर देखिए, नारे नहीं.

47 साल में NPS रिटर्न 12% नहीं होता

NPS पेंशन फ़ंड मैनेजरों में लंबी अवधि के इक्विटी रिटर्न 12 से 14 प्रतिशत के बीच रहते हैं. अंतर बहुत कम है. देर से शुरू करने वाले की जीत या हार इस बात पर नहीं टिकी कि मैनेजर कौन है.

असली पेच सुस्त ग्रोथ में है. PFRDA का ऑटो-चॉइस 35 साल की उम्र से इक्विटी घटाने लगता है. 47 साल में तथाकथित एग्रेसिव ऑप्शन (LC75) भी इक्विटी को 29 प्रतिशत पर रोक देता है. डिफ़ॉल्ट मॉडरेट (LC50) 26 प्रतिशत पर है. इसे 7-8 प्रतिशत के डेट और 6-7 प्रतिशत के गिल्ट्स के साथ मिलाएं, तो असली रिटर्न क़रीब 9 प्रतिशत बैठता है. 12 नहीं.

अक्तूबर 2024 में PFRDA ने चुपचाप एक चौथा विकल्प ऑटो-चॉइस पेश किया - बैलेंस्ड लाइफ़ साइकिल फ़ंड (BLC). नाम भ्रामक है. BLC इक्विटी घटाना 35 की जगह 45 साल की उम्र से शुरू करता है.

47 साल में ऑटो-चॉइस ऑप्शन
इक्विटी अलोकेशन
LC75 ("एग्रिसव") 29%
LC50 ("मॉडरेट", डिफ़ॉल्ट) 26%
LC25 ("कंज़र्वेटिव") 13%
BLC (45 से कम) ~46%
एक्टिव चॉइस 75% इक्विटी 75%

जिसके पास 10 साल का इक्विटी रनवे यानी समय हो, तो उसके लिए डिफ़ॉल्ट LC50 साफ़ तौर पर ग़लत है. ब्रोशर नहीं, टेबल पढ़िए.

टैक्स में वह बदलाव जिसके बारे में कोई नहीं लिख रहा

नए टैक्स रिज़ीम ने लगभग हर रिटायरमेंट डिडक्शन ख़त्म कर दिया है. EPF, VPF और 80CCD(1) व 80CCD(1B) के तहत NPS टियर-I में स्वैच्छिक योगदान पर कोई डिडक्शन नहीं. NPS से जुड़ी एकमात्र बची हुई छूट है 80CCD(2) यानी एम्प्लॉयर रूट. और फ़ाइनेंशियल ईयर 26 से यह निजी और सरकारी दोनों तरह के कर्मचारियों के लिए बेसिक और DA का 14 प्रतिशत हो गई है.

25 लाख बेसिक और DA वाले के लिए यह एक खिड़की हर साल 3.5 लाख की प्री-टैक्स सैलरी बचा देती है. ज़्यादातर पाठक अब भी मानते हैं कि सीमा 10 प्रतिशत है. अब ऐसा नहीं है. अपने HR से पूछिए.

एन्युटी का जाल

ग़ैर-सरकारी सब्सक्राइबर्स (All Citizen Model) के लिए अगर कॉर्पस 12 लाख से ज़्यादा है, तो PFRDA नियमों के तहत अब 80 प्रतिशत तक एकमुश्त निकासी की सुविधा है और बाक़ी 20 प्रतिशत से आजीवन एन्युटी ख़रीदनी होती है. लेकिन इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 10(12A) के तहत टैक्स-फ़्री छूट कुल कॉर्पस के 60 प्रतिशत तक सीमित है. इससे एक टैक्स देनदारी बनती है जहां 60 प्रतिशत की सीमा से ऊपर ली गई कोई भी एकमुश्त रक़म, जैसे-अतिरिक्त 20 प्रतिशत, आपकी आय में जुड़ जाता है और आपके स्लैब रेट पर टैक्स लगता है. एन्युटी यील्ड 6.0 से 6.7 प्रतिशत है और ज़िंदगी भर पूरी तरह टैक्सेबल.

EPF में ऐसी कोई बाध्यता नहीं है. पूरा कॉर्पस सेक्शन 10(12) के तहत टैक्स-फ़्री निकल आता है. यह विकल्प 50 बेसिस पॉइंट रिटर्न से कहीं ज़्यादा क़ीमती है.

नंबरों की बात

शर्माजी का मामला: EPF बैलेंस 60 लाख; 60 साल तक पहुंचने में 13 साल बाक़ी; न्यू टैक्स रिज़ीम; 30 प्रतिशत स्लैब. अनिवार्य EPF सालाना 6 लाख पर जारी है. सवाल: अतिरिक्त 50,000 रुपये महीना कहां जाए?

परिदृश्य
60 साल पर कॉर्पस टैक्स-फ्री एकमुश्त ज़बरदस्ती की टैक्सेबल एन्युटी
A. सिर्फ़ EPF 3.0 करोड़ 3.0 करोड़ कोई नहीं
B. EPF + VPF 4.3 करोड़ 4.3 करोड़ कोई नहीं
C. EPF + NPS (BLC के ज़रिए) 4.5 करोड़ 3.9 करोड़ 32,500/महीना
D. EPF + NPS (एक्टिव 75% के ज़रिए) 4.6 करोड़ 4.0 करोड़ 32,500/महीना
ये अनुमानित आंकड़े हैं और NPS में टैक्स-फ़्री एकमुश्त की गणना 60 प्रतिशत पर की गई है.

टर्मिनल कॉर्पस और लचीलेपन में VPF आगे है, लेकिन इसमें निवेश टैक्स देने के बाद होता है. वहीं NPS (सेक्शन 80CCD(2) के तहत) ₹3.5 लाख तक टैक्स में बचत देता है, लेकिन बाद में पेंशन (annuity) लेने की वजह से रिटर्न थोड़ा कम हो जाता है.

कुल मिलाकर मंज़िल दोनों की एक ही है, लेकिन जोखिम का तरीक़ा अलग-अलग है.

ओल्ड टैक्स रिज़ीम वाले पाठकों के लिए: 80CCD(1B) यहां बना हुआ है. ₹50,000 का टियर-I टॉप-अप मुफ़्त का फ़ायदा है. फ़ायदा उठाइए. यह VPF का विकल्प नहीं है.

इस हफ़्ते तीन काम करें

पहला. HR से पूछिए कि क्या NPS-एम्प्लॉयर को 80CCD(2) के तहत आपके CTC में जोड़ा जा सकता है. ज़्यादातर जगह हो सकता है. ज़्यादातर कर्मचारियों को इसके बारे में पता ही नहीं.

दूसरा. CRA पोर्टल पर लॉगिन करें. अगर आप डिफ़ॉल्ट LC50 पर हैं, तो BLC या एक्टिव च्वॉइस पर स्विच करें. साल में चार बार की इजाज़त है, कोई चार्ज नहीं.

तीसरा. सिर्फ़ कॉर्पस नहीं, रिटायरमेंट इनकम कैलकुलेट करें. 4.5 करोड़ का कॉर्पस जो 32,500 रुपये महीना टैक्सेबल एन्युटी दे, वो 4.5 करोड़ जैसा नहीं है जो आपके कंट्रोल में हो. ज़्यादातर NPS कैलकुलेटर कॉर्पस पर रुक जाते हैं. आपका रिटायरमेंट रुकता नहीं है.  

BLC या Active Choice पर स्विच करने के बाद अगला सवाल यह होगा कि कौन-सा पेंशन फ़ंड मैनेजर असल में अच्छा प्रदर्शन कर रहा है. Value Research का NPS Performance ट्रैकर आपको सभी फ़ंड मैनेजर्स, स्कीमों और समय-अवधियों में रिटर्न दिखाता है, ताकि आप अंधेरे में फ़ैसला न करें.


यह भी पढ़ेंः NPS कॉन्ट्रीब्यूशन को लेकर आपसे ग़लत बातें कही गई हैं

ये लेख पहली बार मई 06, 2026 को पब्लिश हुआ.

वैल्यू रिसर्च से पूछें aks value research information

कोई सवाल छोटा नहीं होता. पर्सनल फ़ाइनांस, म्यूचुअल फ़ंड्स, या फिर स्टॉक्स पर बेझिझक अपने सवाल पूछिए, और हम आसान भाषा में आपको जवाब देंगे.


टॉप पिक

वो घरेलू म्यूचुअल फ़ंड जो विदेशी शेयरों में निवेश करते हैं

पढ़ने का समय 6 मिनटआकार रस्तोगी

HDFC Bank vs ICICI Bank: 10 साल में कैसे बदली लीडरशिप?

पढ़ने का समय 4 मिनटअभिनव गोयल

वह सवाल जो आपने नहीं पूछा

पढ़ने का समय 4 मिनटधीरेंद्र कुमार

2026 पिछले साल के विनर्स को पहले ही बाहर कर चुका है

पढ़ने का समय 5 मिनटआकार रस्तोगी

Zepto का IPO टला, आपके म्यूचुअल फ़ंड ने आपके लिए किया यह काम

पढ़ने का समय 9 मिनटविकास वर्धन

वैल्यू रिसर्च हिंदी पॉडकास्ट

updateनए एपिसोड हर शुक्रवार

NPS को लेकर नकारात्मकता क्यों?

क्यों सबसे ज़्यादा मुखर आलोचक रिटायरमेंट निवेश की असली बात को नज़रअंदाज़ कर देते हैं

अन्य एपिसोड

These are advertorial stories which keeps Value Research free for all. Click here to mark your interest for an ad-free experience in a paid plan

दूसरी कैटेगरी