
आप पिछले वर्षों में घोषित किए गए डिवीडेंड को देख कर म्यूचुअल फंड स्कीमों के डिवीडेंड प्लान के प्रदर्शन का आकलन आसानी से कर सकते हैं। लेकिन ग्रोथ प्लान के प्रदर्शन का आकलन कैसे करें ?
- पदम देव लॉ
पहली बात, यह मान लेना गलत है कि अगर आपका फंड डिवीडेंड दे रहा है तो यह अच्छा प्रदर्शन कर रहा है। फंड भले ही डिवीडेंड दे रहा है लेकिन फिर भी इसका प्रदर्शन खराब हो सकता है। आपका फंड कैसा प्रदर्शन कर रहा है इसका सटीक आकलन करने का एक ही तरीका है। वह है रिटर्न पर गौर करना। इसका मतलब है आज आपके निवेश की कीमत क्या है इसको मापना। इसमें आपको मिलने वाला डिवीडेंड कैश फ्लो भी शामिल है। आपको इसकी वजह से होने वाली टैक्स देनदारी पर भी गौर करना होगा।
म्यूचुअल फंड का रिटर्न मापने के लिए आप valueresearchonline.com पर आ सकते हैं। आप किसी फंड का नाम टाइप करें और परफॉर्मेस टैब पर देखें। यहां आपको तीन माह, एक साल या आपकी चुनी हुई किसी अवधि का रिटर्न दिख जाएगा। आप यहां पर दूसरे फंड का रिटर्न, एक ही तरह के फंड का एवरेज जिसे कैटेगरी एवरेज रिटर्न कहते हैं हासिल करने के अलावा उस कैटेगरी के लिए सबसे प्रासांगिक बेंचमार्क के साथ तुलना भी कर सकते हैं। उदाहरण के लिए अगर आप लार्ज कैप फंड की तुलना करते हैं तो बेंचमार्क सेंसेक्स या निफ्टी होगा। इस बेंचमार्क की तुलना आपको यह बताएगी कि अगर आपने कुछ नहीं किया होता और सिर्फ इंडेक्स फंड में निवेश किया होता तो फंड द्वारा दिए गए रिटर्न की तुलना में आपको कितना रिटर्न मिला होता।
ज्यादा मजबूती से रिटर्न का आकलन ट्रेलिंग रिटर्न के बजाए रोलिंग रिटर्न का इस्तेमाल करते हुए किया जा सकता है। रोलिंग रिटर्न और कुछ नहीं बस एक तय अवधि का ट्रेलिंग रिटर्न है। यह नयापन और भाग्य के फैक्टर को बाहर रखने में मदद करता है। एक साल के रोलिंग रिटर्न का मतलब है कि किसी चुनी हुई अवधि के लिए जैसे पिछले एक साल के लिए एक साल का रिटर्न रोज कैलकुलेट किया जाए और इसका औसत निकाला जाए। यह बताता है कि फंड में निवेशक कितना रिटर्न मिला होता इसमें यह मायने नहीं रखता है कि पिछले एंट्री डेट क्या थी। उदाहरण के लिए, एक साल के ट्रेलिंग रिटर्न का मतलब है कि अगर एक साल पहले आपने 100 रुपए निवेश किया तो आज उस 100 रुपए की कीमत क्या है। वहीं दूसरी तरफ, रोलिंग रिटर्न का मतलब है पिछले एक साल की प्रत्येक डेट पर एक साल के रिटर्न का कैलकुलेशन करना और इन रीडिंग का औसत निकालना।
दो और तरीके हैं जिससे आप फंड के प्रदर्शन का आकलन कर सकते हैं। एक है रिटर्न डेटा हासिल करने के लिए स्पेशिफिक फंड फैक्ट शीट पर गौर करना। अगर आपने फंड में पहले से निवेश किया हुआ है तो प्रदर्शन के आकलन का ज्यादा सटीक तरीका वैल्यू रिसर्च पोर्टफोलियो मैनेजर- माई इन्वेस्टमेंट पर अपना पोर्टफोलियो मेन्टेन करना है। यह अलग अलग डेट पर आपके निवेश पर विचार करता है, चाहे निवेश एसआईपी के जरिए हो या एकमुश्त हो, रकम की निकासी हो और आपको मिला डिवीडेंड हो। यह आपको सालाना वास्तविक फीसदी रिटर्न बताता है।
ये लेख पहली बार अक्तूबर 18, 2021 को पब्लिश हुआ.
Disclaimer: यह कंटेंट सिर्फ़ जानकारी के लिए है और इसे निवेश सलाह या रेकमेंडेशन नहीं मानना चाहिए.
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