Trending

Vikram Solar IPO पहले दिन सिर्फ़ 0.42 गुना हुआ सब्सक्राइब, लेकिन GMP से मिल रहे ये संकेत

विक्रम सोलर का पहले दिन का सब्सक्रिप्शन ठंडा रहने के बावजूद ग्रे-मार्केट में 16% का प्रीमियम उत्साह बढ़ा रहा है

Vikram Solar IPO पहले दिन: सब्सक्रिप्शन सिर्फ़ 0.42 गुना, GMP 16% परAdobe Stock

Vikram Solar का IPO इन दिनों ख़ासा चर्चा में है. इस हफ़्ते इसका IPO खुलने के साथ ही बाज़ार में रिटेल निवेशकों में हलचल मच गई. शुरुआत में भले ही पहले दिन सब्सक्रिप्शन में सुस्ती रही हो, लेकिन ग्रे मार्केट में 16% से ज़्यादा का प्रीमियम बताता है कि निवेशक अभी अपनी दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं.

Vikram Solar IPO के पहले दिन की सब्सक्रिप्शन स्थिति

  • कुल सब्सक्रिप्शन: 0.42 गुना
  • रिटेल निवेशक (RIIs): 0.47 गुना
  • अन्य निवेशक (NIIs): 0.83 गुना
  • QIBs: 0

निवेशकों के लिए क्या संकेत हैं?

  • ग्रोथ की उम्मीद: ऑर्डर मिलने और बढ़ाने के प्लान से आगे बढ़ने का साफ़ रास्ता दिखता है.
  • प्रीमियम एंट्री टैग: 70 गुना से ऊपर का वैल्यूएशन सब्र की डिमांड करता है.
  • मुनाफ़े में सुधार: RoNW और ROCE ऊपर जा रहे हैं, जो बेहतर कामकाज का संकेत है.
  • सेंटिमेंट बूस्ट: ग्रे-मार्केट प्रीमियम बताता है कि निवेशक पहले से ही उत्साहित हैं.

Vikram Solar क्या करती है?

2005 में कोलकाता में स्थापित Vikram Solar आज भारत की सबसे बड़ी सोलर PV मॉड्यूल बनाने वाली कंपनियों में शामिल है, जिसकी सालाना क्षमता 4.5 GW है. कंपनी सिर्फ़ मॉड्यूल बनाने तक सीमित नहीं है, बल्कि EPC (इंजीनियरिंग, ख़रीद और निर्माण) प्रोजेक्ट्स और O&M (संचालन और देखभाल) सेवाएं भी देती है.

हमारा नज़रिया 

Vikram Solar का IPO – “ऊंची उम्मीदें, ऊंची क़ीमत”- का एक अनोखा मामला है. अगर नज़र तेज़ लिस्टिंग गेन पर है तो संभलकर चलना ज़रूरी है. लेकिन जो रिन्यूएबल एनर्जी की लहर पर लंबे समय तक सफ़र करना चाहते हैं, उनके लिए ये कहानी अच्छी हो सकती है, बशर्ते आप प्रीमियम का बोझ झेल सकें.

क्या Vikram Solar IPO सब्सक्राइब करना चाहिए?

बाज़ार अक्सर हिम्मत की परीक्षा लेता है. एक आकर्षक IPO आपको तुरंत मुनाफ़ा कमाने के लिए ललचा सकता है, लेकिन अक्सर निवेशक यहीं फिसल जाते हैं. ज़्यादा समझदारी भरा तरीक़ा क्या है? ऐसे बिज़नेस को चुनना जो सालों तक बढ़ सके.

यही काम वैल्यू रिसर्च स्टॉक एडवाइज़र करता है: चुनिंदा सुझाव, पक्की एनालेसिस और शोरगुल के बीच निवेश में टिके रहने की सीख.

स्टॉक एडवाइज़र से आज ही जुड़ें!

Disclaimer: ये आर्टिकल आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस की मदद से बनाया गया है और हमारी टीम ने इसे ध्यान से जांच और एडिट किया है ताकि जानकारी सही और काम की रहे. ये सिर्फ़ जानकारी के लिए है. किसी भी निवेश फ़ैसले से पहले अपनी रिसर्च ज़रूर करें.

Disclaimer: यह कंटेंट सिर्फ़ जानकारी के लिए है और इसे निवेश सलाह या रेकमेंडेशन नहीं मानना चाहिए.

वैल्यू रिसर्च से पूछें aks value research information

कोई सवाल छोटा नहीं होता. पर्सनल फ़ाइनांस, म्यूचुअल फ़ंड्स, या फिर स्टॉक्स पर बेझिझक अपने सवाल पूछिए, और हम आसान भाषा में आपको जवाब देंगे.


टॉप पिक

इमरजेंसी फ़ंड की समस्या

पढ़ने का समय 5 मिनटअमेय सत्यवादी

20% रिटर्न, हर महीने ₹1 लाख: क्या ऐसी उम्मीद लगाना सही है?

पढ़ने का समय 6 मिनटअभिषेक राणा

मिडिल ईस्ट में युद्ध और असर आपकी जेब पर

पढ़ने का समय 6 मिनटउदयप्रकाश

क्या आपका म्यूचुअल फ़ंड सच में आपके लिए काम कर रहा है?

पढ़ने का समय 5 मिनटअमेय सत्यवादी

‘मेरे पोर्टफ़ोलियो में 25 फ़ंड हैं. शुरुआत कहां से करूं?’

पढ़ने का समय 5 मिनटउदयप्रकाश

स्टॉक पॉडकास्ट

updateनए एपिसोड हर शुक्रवार

फ्रॉड के शिकार लोगों के लिए दो नियम

फ्रॉड के शिकार लोगों के लिए दो नियम

जब ताक़तवर लोगों के साथ लूट होती है तो न्याय तेज़ी से मिलता है. बाक़ी लोगों के लिए, ऐसा नहीं है

दूसरी कैटेगरी