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सारांशः सेबी के SIF फ़्रेमवर्क के तहत हाइब्रिड लॉन्ग-शॉर्ट फ़ंड्स की पहली लहर उभर रही है. SBI और एडलवाइस ने अपनी पहली फ़ाइलिंग की है, जबकि क्वांट अपनी पहले की इक्विटी स्ट्रैटेजीस को बढ़ाते हुए हाइब्रिड लॉन्च के साथ आगे बढ़ रहा है.
हाइब्रिड लॉन्ग-शॉर्ट फ़ंड्स अब सेबी के नए स्पेशलाइज्ड इनवेस्टमेंट फ़ंड (SIF) फ़्रेमवर्क के तहत आकार ले रहे हैं. SBI म्यूचुअल फ़ंड ने अपने मैग्नम SIF के तहत और एडलवाइस म्यूचुअल फ़ंड ने अपने अल्टिवा SIF के ज़रिए इस कैटेगरी में अपनी पहली स्कीम्स फ़ाइल की हैं. पहले ही अपनी qsif SIF के तहत इक्विटी स्ट्रैटजीस ला चुका क्वांट म्यूचुअल फ़ंड अब हाइब्रिड स्कीम के साथ अपने पोर्टफ़ोलियो का विस्तार कर रहा है.
ये फ़ाइलिंग्स SIF के आग़ाज़ के अगले चरण का संकेत देती हैं. ख़ास तौर पर हाइब्रिड लॉन्ग-शॉर्ट कैटेगरी को इक्विटी से ग्रोथ, डेट से स्थिरता और डेरिवेटिव्स से सुरक्षा का संतुलन बनाने के लिए डिज़ाइन किया गया है. न्यूनतम ₹10 लाख के निवेश के साथ, ये फ़ंड उन अनुभवी निवेशकों के लिए हैं जो पारंपरिक म्यूचुअल फ़ंड्स की तुलना में अधिक जटिल स्ट्रैटेजीस की तलाश में हैं.
निवेश की स्ट्रैटेजीस
SBI म्यूचुअल फ़ंड ने मैग्नम हाइब्रिड लॉन्ग-शॉर्ट फ़ंड का प्रस्ताव किया है, जो अपने पोर्टफ़ोलियो का 65–75% इक्विटी में और 25–35% डेट इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश करेगा.
इसकी स्ट्रैटेजी का बड़ा हिस्सा आर्बिट्राज़ के अवसरों पर केंद्रित होगा. ये डिविडेंड या मर्जर आर्बिट्राज़ जैसे इवेंट-आधारित ट्रेड्स की तलाश करेगा और कवर्ड कॉल्स का इस्तेमाल ऑप्शन प्रीमियम से आय अर्जित करने के लिए करेगा. इसके साथ ही, फ़ंड बुनियादी बातों और ग्रोथ की संभावनाओं के आधार पर चुनिंदा लॉन्ग इक्विटी पोज़िशन लेगा, जबकि स्टॉक्स या सेक्टर्स में कमज़ोरी दिखने पर 25% तक शॉर्ट पोज़िशन लेने का लचीलापन रखेगा.
डेट और मनी मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स स्थिरता और लिक्विडिटी देंगे. डेरिवेटिव्स का इस्तेमाल न सिर्फ़ इनकम और शॉर्ट करने के लिए होगा, बल्कि पूरे इक्विटी पोर्टफ़ोलियो को हेज करने के लिए भी होगा, जिससे रिस्क मैनेजमेंट इस फ़ंड का मुख्य हिस्सा होगा. ये फ़ंड निफ़्टी 50 हाइब्रिड कम्पोजिट डेट 50:50 इंडेक्स TRI के खिलाफ बेंचमार्क होगा.
एडलवाइस म्यूचुअल फ़ंड ने अपने अल्टिवा प्लेटफ़ॉर्म के ज़रिए अल्टिवा हाइब्रिड लॉन्ग-शॉर्ट फ़ंड फ़ाइल किया है, जो डेट-ओरिएंटेड नज़रिया अपनाता है. ये स्कीम 25–75% इक्विटी में और 25–75% डेट में निवेश करेगी, लेकिन इसका बेंचमार्क निफ़्टी 50 हाइब्रिड कम्पोजिट डेट 15:85 इंडेक्स, फ़िक्स्ड इनकम की ओर ज़्यादा झुकाव दिखाता है. पारंपरिक इक्विटी और डेट के अलावा, फ़ंड आर्बिट्राज़, विशेष स्थितियों और सीमित शॉर्ट डेरिवेटिव पोज़िशन (25% तक) का इस्तेमाल रिटर्न देने के लिए करेगा. ये स्ट्रक्चर उन निवेशकों के लिए है जो स्थिर इनकम चाहते हैं और इक्विटी में कम एक्सपोज़र की उम्मीद करते हैं.
क्वांट का qsif हाइब्रिड लॉन्ग-शॉर्ट फ़ंड ग्रोथ, इनकम और रिस्क मैनेजमेंट के बीच बैलेंस बनाने का लक्ष्य रखता है. ये स्कीम लचीला एलोकेशन मॉडल अपनाएगी, जिसमें 25–75% इक्विटी, 25–75% डेट और 25% तक इक्विटी या डेट में शॉर्ट डेरिवेटिव पोज़िशन की सुविधा होगी. ये 20% तक REITs और InvITs में भी निवेश कर सकती है और ज़रूरत पड़ने पर अपने पोर्टफ़ोलियो को 100% तक हेज करने के लिए डेरिवेटिव्स का इस्तेमाल करेगी.
फ़ंड का नज़रिया डायनामिक है, जिसमें मार्केट की स्थिति और आर्थिक परिदृश्य के आधार पर एलोकेशन बदलता रहेगा. ये फ़ंड भी निफ़्टी 50 हाइब्रिड कम्पोजिट डेट 50:50 इंडेक्स TRI के खिलाफ बेंचमार्क किया जाएगा.
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