
मैने पढ़ा है कि ब्लैकस्टोन एलएंडटी म्युचुअल फंड खरीद रहा है। फंड के निवेशकों को यह किस तरह से प्रभावित करेगा। क्या मुझे इस फंड को बेच कर निकल लेना चाहिए ?
संदीप
हां। काफी समय से इसके बारे में बात हो रही है। हालांकि मैनेजमेंट इसके बारे में कई बार इनकार कर चुका है। वास्तव में एलएंडटी म्युचुअल फंड चोलमंडलम म्युचुअल फंड और फिडेलिटी म्युचुअल फंड के अधिग्रहण के बाद बनाया गया था। ऐसे में मेरा मानना है कि कभी कभी इस तरह के बदलाव बेहतरी के लिए होते हैं। और कभी कभी ये बदलाव खराब बातों के लिए होते हैं। लेकिन फंड मैनेजर की निरंतरता अहम बात है।
जब एलएंडटी एएमसी ने फिडेलिटी फंड्स को खरीदा था तब मुझे चिंता हो रही थी क्योंकि एलएंडटी म्युचुअल फंड इसके प्रबंधन में जितने फंड थे सबको खरीद रही थी लेकिन इक्विटी फंड मैनेजर साथ आने को तैयार नहीं थे। हालांकि एलएंडटी म्युचुअल फंड दूसरे कुछ अच्छे फंड मैनेजर्स को आकर्षित करने में सफल रही और काफी अच्छा काम किया।
तो आपको इसके लिए इंतजार करना चाहिए। आपको हर कदम पर कुछ करने की जरूरत नहीं है। म्युचुअल फंड बिजनेस लोगों का बिजनेस है और अगर कोई कंपनी बिक रही है तो कंपनी के नए ओनर और मैनेजमेंट को लेकर चिंताएं हो सकती हैं।
मैं एलएंडटी असेट मैनेजमेंट कंपनी के साथ इसलिए सहज हूं क्योंकि इसकी पैरेंट कंपनी एलएंडटी मैनेजमेंट ड्रिवेन कंपनी है। यहां सिर्फ क मालिक की मनमानी नहीं चलती है। मैं उम्मीद करता हूं कि असेट मैनेजमेंट कंपनी पर नियंत्रण को लेकर किसी भी बदलाव में फंड मैनजमेंट की निरंतरता भी शामिल होगी। अगर ऐसा नहीं होता है तो प्राइवेट इक्विटी निवेशक के लिए एक कंपनी को उसके लोगों के बिना खरीदना अच्छा सौदा नहीं होगा।
अगर कोई बड़ी कंपनी एलएंडटी को विलय करने के लिए या अधिग्रहण करने के लिए खरीद रही होती तो कई तरह की दिक्कतें और बदलाव आ सकते थे। लेकिन इस मामले में संभावना इस बात की है कि कंपनी उसके सभी लोगों के साथ खरीदी जाएगी। क्योंकि कंपनी उसके लोगों के बिना बेकार होगी। ऐसे में मुझे नहीं लगता कि आपको कोई कदम जल्दबाजी में उठाने की जरूरत है।
ये लेख पहली बार नवंबर 09, 2020 को पब्लिश हुआ.




