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डेट फ़ंड और ब्‍याज दरें: उतार-चढ़ाव के बीच क्या करें आप?

ब्‍याज दरों में बदलाव से debt funds की तमाम कैटेगरी कैसे प्रभावित होती हैं?

ब्‍याज दरों में बदलाव से debt funds की तमाम कैटेगरी कैसे प्रभावित होती हैं?

वारेन बफ़े (Warren Buffett) के शब्‍दों में “हर समय, सभी बाज़ारों में, दुनिया के हर हिस्‍से में, दरों में बहुत छोटा बदलाव भी हर फ़ाइनेंशियल एसेट (asset) की वैल्‍यू को बदल देता है.”

ब्‍याज दरों में होने वाले बदलाव बाज़ार पर किस हद तक असर डाल सकते हैं, बफ़े के ये शब्‍द इसे बखूबी बयान करते हैं.

डेट फ़ंड की दुनिया में इसका असर ख़ासतौर पर दिखता है, जहां निवेशक स्थिरता और रिटर्न में निरंतरता चाहते हैं. इसलिए ब्‍याज दरों और डेट फ़ंड (debt funds) के बीच के डायनैमिक्‍स को समझना ज़रूरी है.

डेट फ़ंड पर ब्‍याज दरों में बदलाव का असर

कैटेगरी जब दरें बढ़ती हैं जब दरों में कटौती हो
ओवरनाइट कोई असर नहीं क्‍योंकि ये सिक्‍योरिटीज में निवेश करते हैं कोई असर नहीं
लिक्विड,अल्‍ट्रा शॉर्ट ड्यूरेशन/ लो-ड्यूरेशन/ मनी मार्केट आम तौर पर अच्‍छा प्रदर्शन करते हैं क्‍योंकि फ़ंड ऊंची ब्‍याज दरों पर निवेश किए जाते हैं. छोटी मैच्‍योरिटी-91 दिन से लेकर एक साल तक वाले डेट इंस्‍ट्रूमेंट में निवेश की वज़ह से कोई असर नहीं.
शॉर्ट-ड्यूरेशन काफ़ी सी‍मित असर क्‍योंकि ड्यूरेशन 1 से 3 साल है. ब्‍याज दरें घटने से फ़ायदा होता है.
मीडियम-ड्यूरेशन रिटर्न में उतार-चढ़ाव रहता है क्‍योंकि ड्यूरेशन 3 से 4 साल है. दरें घटने पर फ़ंड का प्रदर्शन बेहतर हो सकता है.
लॉन्‍ग ड्यूरेशन- गिल्‍ट ये कैटेगरी आसानी से प्रभावित होती है क्‍योंकि ब्‍याज़ दरें बढ़ने पर बॉन्‍ड की कीमतें गिरती हैं. शानदार रिटर्न मिल सकता है.
डायनमिक बॉन्‍ड अलग-अलग मैच्‍योरिटीज में निवेश करने की आज़ादी होने की वज़ह से रिटर्न कम हो सकता है. दरों में गिरावट के साथ पॉजिटिव रिटर्न संभव.
क्रेडिट रिस्‍क रिटर्न का अनुमान नहीं लगाया जा सकता. बड़े उछाल की संभावना.
फ्लोटर ब्‍याज दरें बढ़ने से फ़ायदा ब्‍याज दरें घटने पर हासिल कर सकते हैं रिटर्न

ये भी पढ़िए- क्‍या आपको बैकिंग और फ़ाइनेंशियल सर्विसेज़ फ़ंड्स में निवेश करना चाहिए?

ब्याज दरें बढ़ने की स्थिति में आपको क्या करना चाहिए?
अपने डेट एलोकेशन के लिए शॉर्ट ड्यूरेशन फ़ंड्स में निवेश पर विचार करें. ये फ़ंड पूर्व अनुमानित और स्थायी रिटर्न देते हैं, जिससे ये फ़ंड आपके लिए उपयुक्त हो सकते हैं भले ही ब्याज दरें बढ़ें या कम हों.

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