
मार्केट ऑवर में खरीदने पर कभी कभी कीमतें वास्तविक एनएवी से काफी अधिक होती हैं। इसकी वजह से क्या आपको लगता है कि इंडेक्स फंड निवेश के लिहाज से कहीं बेहतर हैं। कृपया इंडेक्स फंड और ईटीएफ में अंतर के बारे में बताएं। और एक दो अच्छे इंडेक्स फंड या ईटीएफ के बारे में सुझाव दें।
मनोज
हां। ईटीएफ के साथ एक समस्या है। ये एनएवी के प्रीमियम पर या डिस्काउंट पर ट्रेड करते हैं। एनएवी और कीमत में अंतर एक अस्थाई मामला हो सकता है। ऐसा मांग और आपूर्ति में अंतर की वजह से होता है। आम तौर पर एनएवी पर कीमतों का प्रीमियम अथवा डिस्काउंट एक या दो फीसदी का होता है। हालांकि अगर बहुत से लोग ईटीएफ बेचना शुरू कर देते हैं तो यह बढ़ भी सकता है। इसका नतीजा यह हो सकता है कि कीमतें एनएवी से नीचे चलीं जाएं। वहीं अगर बहुत से लोग ईटीएफ खरीदना शुरू कर दें तो कीमतें एनएवी से ऊपर जा सकती हैं।
इंडेक्स फंड के साथ समस्या यह है कि इसे आप दिन का कारोबार खत्म होने पर उपलब्ध एनएवी पर ही खरीद सकते हैं। वहीं ईटीएफ के साथ ऐसा नहीं है। इसके अलावा इंडेक्स एकदम सटीक इंडेक्स ट्रैक नहीं कर पाते हैं। इसे ट्रैकिंग एरर कहा जाता है। ऐसा कई वजहों से हो सकता है। पहली वजह है कि ईटीएफ की तुलना में इंडेक्स फंड अपेक्षाकृत महंगे होते हैं। ज्यादातर ईटीएफ 5 से 10 बेसिस प्वाइंट चार्ज करते हैं वहीं इंडेक्स फंड पर निवेश का खर्च 0.75-1.5 फीसदी होता है। इसके अलावा इंडेक्स फंड में ट्रांजिशन एरर भी होता है। इसका कारण यह है कि सारी रकम तुरंत निवेश नहीं की जाती है। इसके अलावा कुछ कॉरपोरेट एक्शन फंड को इंडेक्स ट्रैक करने के लिए अक्षम बना सकते हैं।
इंडेक्स फंड और ईटीएफ दोनों के कुछ फायदे और नुकसान हैं। इंडेक्स फंड में एसआईपी के जरिए आसानी के साथ निवेश किया जा सकता है। हालांकि इनका एक्सपेंश रेशियो अधिक है और इनमें ट्रैकिंग एरर भी होता है। ऐसे में इंडेक्स फंड में निवेश करते हुए आपको कम एक्सपेंश रेशियो वाला फंड देखना चाहिए वहीं ईटीएफ में निवेश करते हुए ऐसा ईटीएफ चुनना चाहिए जिसका ट्रेडिंग वॉल्यूम हाई हो। जिससे उसकी कीमत और एनएवी में अंतर कम से कम हो। एसबीआई निफ्टी 50 ईटीएफ एयूएम काफी अधिक है और इसका ट्रेडिंग वॉल्यूम भी अच्छा है। ऐसे में यह निवेशकों के लिए निवेश का अच्छा विकल्प है।
ये लेख पहली बार जुलाई 30, 2020 को पब्लिश हुआ.
Disclaimer: यह कंटेंट सिर्फ़ जानकारी के लिए है और इसे निवेश सलाह या रेकमेंडेशन नहीं मानना चाहिए.
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