
क़रीब चार साल के दौरान टार्गेट-मेच्योरिटी फ़ंड में कई गुना ग्रोथ हुई है. ₹1.8 लाख करोड़ के एसेट बेस के साथ, टार्गेट-मेच्योरिटी फ़ंड सबसे बड़ी डेट फ़ंड (debt fund) कैटेगरी है, जो इस कैटेगरी के कुल निवेश का 17 प्रतिशत है (लिक्विड और ओवरनाइट फ़ंड्स को छोड़ कर). टार्गेट मेच्योरिटी फ़ंड क्या हैं टार्गेट मेच्योरिटी फ़ंड (TMF) का टेन्योर फ़िक्स होता है; अवधि के अंत में, पैसा और मुनाफ़ा निवेशकों को लौटा दिया जाता है. इसमें कोई एक्टिव मैनेजमेंट नहीं होता. इसमें फ़ंड मैनेजर फ़ंड के टर्म से मिलते-जुलते टर्म वाली सिक्योरिटीज़ को सिर्फ़ ख़रीद कर होल्ड करने का काम करता है. इन फ़ंड्स का लक्ष्य आपको रिटर्न के सही रेट के साथ 'लॉक इन' करने में मदद करना है, ताकि आप उस
खरीदें, होल्ड करें या बदलें। सही सलाह पाएं।
मेरा पोर्टफोलियो कैसा चल रहा है? मुझे क्या सुधार करना चाहिए? मुझे आगे कहाँ निवेश करना चाहिए? फंड एडवाइज़र इन सभी सवालों के जवाब देता है। हर शनिवार एडवाइज़र नोट। हर दूसरे शनिवार धीरेंद्र कुमार के साथ लाइव सत्र।
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