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सारांशः मल्टी-कैप फ़ंड तुलनात्मक रूप से अभी भी नई कैटेगरी है, लेकिन निवेशक बड़ी संख्या में इनमें निवेश कर रहे हैं क्योंकि ये फ़ंड लार्ज-कैप, मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों में स्वाभाविक रूप से डाइवर्सिफ़िकेशन प्रदान करते हैं. भले ही इन फ़ंड्स का इतिहास सीमित है, लेकिन प्रदर्शन में निरंतरता किसी भी फ़ंड की क्वालिटी की असली कसौटी होती है. इस लेख में, हमने डेटा के ज़रिए ये समझने की कोशिश की है कि कौन से मल्टी-कैप फ़ंड अब तक सबसे भरोसेमंद प्रदर्शन कर रहे हैं - और क्यों दो फ़ंड्स, ख़ास तौर पर, शुरुआती दौर में ही स्थिरता के उदाहरण बने हुए हैं.
जब बात एक मज़बूत इक्विटी पोर्टफ़ोलियो बनाने की आती है, तो मल्टी-कैप फ़ंड्स एक अहम जगह के हकदार होते हैं. ये फ़ंड्स लार्ज, मिड और स्मॉल कैप शेयरों में निवेश करते हैं, जिससे निवेशकों को एक ही फ़ंड में डाइवर्सिफ़ाइड एक्सपोज़र मिलता है.
SEBI के नियमों के अनुसार, मल्टी-कैप फ़ंड्स को निवेशकों के पैसे का कम से कम इनमें लगाना अनिवार्य है.
- 25% लार्ज-कैप शेयरों (टॉप 100 कंपनियां मार्केट कैप के आधार पर),
- 25% मिड-कैप शेयरों (101 से 250 रैंक वाली कंपनियां),
- और 25% स्मॉल-कैप शेयरों (251 रैंक और उससे नीचे की कंपनियां) में.
बाकी 25% हिस्सा फ़ंड मैनेजर की मर्ज़ी पर निर्भर होता है. ये लचीलापन फ़ंड मैनेजर को उस समय की बेहतर अवसर वाली कैटेगरी में झुकाव रखने की अनुमति देता है, वहीं पोर्टफ़ोलियो में डाइवर्सिफ़िकेशन बरकरार रहता है.
इसका मतलब ये है कि आपको ग्रोथ और रिस्क के बीच संतुलन लाने के लिए अलग-अलग स्कीमों में जाने की ज़रूरत नहीं है. एक अच्छे प्रबंधन वाला मल्टी-कैप फ़ंड समय के साथ आपके पोर्टफ़ोलियो की रीढ़ बन सकता है, जो स्थिरता और ग्रोथ दोनों का संयोजन होते हैं.
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ये कोई आश्चर्य नहीं कि मल्टी-कैप फ़ंड्स की लोकप्रियता तेज़ी से बढ़ी है. एसोसिएशन ऑफ म्यूचुअल फ़ंड्स इन इंडिया (AMFI) के हालिया AUM डेटा के अनुसार, इस श्रेणी की पांच सबसे बड़ी स्कीमें ₹15,000 करोड़ से ज़्यादा का प्रबंधन कर रही हैं. इनमें निप्पॉन इंडिया मल्टी-कैप फ़ंड ₹47,294 करोड़ के AUM के साथ सबसे आगे है.
AUM के आधार पर टॉप पांच स्कीमें इस प्रकार हैंः
|
फ़ंड
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AUM (करोड़ ₹) |
| Nippon India Multicap | 47,294 |
| SBI Multicap | 22,988 |
| Kotak Multicap | 19,227 |
| HDFC Multicap | 18,675 |
| ICICI Prudential Multicap | 15,443 |
लोकप्रियता का कारण केवल साइज़ नहीं है; प्रदर्शन भी इस हाइप को समर्थन देता है. हमने पिछले तीन वर्षों में टॉप 10 मल्टी-कैप फ़ंड्स का एनालिसिस किया - जो एक उचित समय सीमा है, क्योंकि ये कैटेगरी अभी बहुत पुरानी नहीं है.
| फ़ंड | 3-साल का रिटर्न |
|---|---|
| Kotak Multicap | 25.6% |
| Axis Multicap | 23.6% |
| Nippon India Multicap | 22.9% |
| HDFC Multicap | 22.4% |
| ITI Multicap | 21.2% |
| ICICI Prudential Multicap | 21% |
| Mahindra Manulife Multicap | 20.9% |
| Baroda BNP Paribas Multicap | 20.06% |
| Invesco India Multicap | 19.7% |
| Bandhan Multicap | 19.6% |
| सभी डायरेक्ट प्लान लिए गए हैं. डेटा 9 अक्तूबर, 2025 का है. | |
कुल मिलाकर, सिर्फ़ प्रदर्शन नहीं, बल्कि स्थिरता अधिक मायने रखती है. आम तौर पर, वैल्यू रिसर्च में हम स्थिरता को रोलिंग रिटर्न्स से आंकते हैं. लेकिन मल्टी-कैप फ़ंड्स का लंबा इतिहास न होने के कारण, तीन, पांच या सात वर्षों के रोलिंग रिटर्न्स का पर्याप्त डेटा उपलब्ध नहीं है. सरल शब्दों में कहें तो, रोलिंग रिटर्न्स तभी विश्वसनीय होते हैं जब लंबी अवधि का डेटा मौजूद हो.
इसलिए, हमने वार्षिक और मासिक प्रदर्शन को आधार बनाकर फ़ंड्स की स्थिरता का आकलन किया. इसमें दो फ़ंड्स ने सबसे बेहतर स्थिरता दिखाई, जो हैं- कोटक मल्टीकैप फ़ंड और निप्पॉन इंडिया मल्टीकैप फ़ंड.
कोटक मल्टीकैप फ़ंड
वैल्यू रिसर्च की रेटिंग में चार-स्टार वाला ये फ़ंड अपने मज़बूत और टिकाऊ रिटर्न के लिए जाना जाता है. इसने 2022, 2023 और 2025 में टॉप 25% परफ़ॉर्मर में जगह बनाई और 2024 में भी अपनी कैटेगरी के टॉप 50% में रहा.
| साल | फ़ंड का रिटर्न | बेंचमार्क (VR मल्टीकैप TRI) |
|---|---|---|
| 2022 | 11.8% | 3.4% |
| 2023 | 41.9% | 34.8% |
| 2024 | 28.5% | 20.4% |
| 2025* | 4.8% | 2.07% |
| 9 अक्तूबर, 2025 का डेटा है | ||
सितंबर 2022 से सितंबर 2025 के बीच मासिक आधार पर भी इसका प्रदर्शन अच्छा रहा, जिसने 37 महीनों में से 25 बार संंबंधित इंडेक्स को पछाड़ा. इसका स्टैंडर्ड डेविएशन (जो वोलैटिलिटी को दर्शाता है) 15.2%, जबकि बेंचमार्क का 14.5% रहा. सरल शब्दों में, इस फ़ंड ने अपेक्षाकृत संतुलित उतार-चढ़ाव के साथ मजबूत रिटर्न दिए.
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निप्पॉन इंडिया मल्टीकैप फ़ंड
मल्टी-कैप यूनिवर्स का एकमात्र फाइव-स्टार फ़ंड, निप्पॉन इंडिया मल्टीकैप, भी अपनी स्थिरता के लिए जाना जाता है. पिछले चार वर्षों में से तीन बार यह शीर्ष 25% (टॉप क्वारटाइल) में रहा है.
| वर्ष | फ़ंड का रिटर्न | बेंचमार्क (VR मल्टीकैप TRI) |
|---|---|---|
| 2022 | 15% | 3.4% |
| 2023 | 39.2% | 34.8% |
| 2024 | 26.6% | 20.4% |
| 2025* | 4.9% | 2.07% |
इसका स्टैंडर्ड डिविएशन 13.05% है, जो बेंचमार्क से कम है - यानी इसके रिटर्न अच्छे और स्थिर रहे हैं.
वहीं, अन्य टॉप परफॉर्मिंग फ़ंड्स थोड़े अस्थिर दिखे. उदाहरण के लिए, एक्सिस मल्टीकैप फ़ंड तीन वर्षों में दूसरा बेस्ट परफॉर्मर रहा, लेकिन पिछले चार वर्षों में दो बार ये बेंचमार्क से पीछे रहा.
अब आगे क्या करें?
मल्टी-कैप फ़ंड में निवेश वन-साइज़-फिट्स-ऑल स्ट्रैटेजी नहीं है. आपका चयन आपकी जोखिम क्षमता, समय अवधि और निवेश के गोल्स पर निर्भर करता है. यदि आप एक स्थिर और डाइवर्सिफ़ाइड कोर पोर्टफ़ोलियो बनाना चाहते हैं, तो कोटक मल्टीकैप और निप्पॉन इंडिया मल्टीकैप जैसे फ़ंड्स एक मज़बूत शुरुआती विकल्प हो सकते हैं.
लेकिन सही फ़ंड चुनना केवल स्थिरता के पीछे भागने भर से नहीं होता. इसमें ये समझना ज़रूरी है कि फ़ंड रिटर्न देने के लिए कितना जोखिम ले रहा है, फ़ंड मैनेजर का रिकॉर्ड कैसा है और ये आपके मौजूदा पोर्टफ़ोलियो में कैसे फिट बैठता है.
अगर आप केवल रिटर्न के आंकड़ों से आगे बढ़कर, अपने गोल्स के अनुरूप सही मल्टी-कैप फ़ंड चुनना चाहते हैं, तो वैल्यू रिसर्च फ़ंड एडवाइज़र आपकी मदद कर सकता है. ये प्रीमियम सेवा प्रदान करती है.
- आपके रिस्क प्रोफ़ाइल के हिसाब से पर्सनलाइज्ड फ़ंड रेकमंडेशन
- पोर्टफ़ोलियो में हर फ़ंड की भूमिका पर कदम उठाने के लायक इनसाइट्स
- और स्पष्ट, डेटा-आधारित गाइडेंस कि कहां निवेश करें और इक्विटी कैटेगरीज़ में बैलेंस कैसे बनाए रखें.
आज ही फ़ंड एडवाइज़र पर ग़ौर करें
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