फंड वायर

टॉप 5 इंफ्रास्ट्रक्चर फ़ंड, जिन्होंने ₹10,000 की SIP से तैयार की ₹36 लाख से ज़्यादा वेल्थ

पिछले 10 साल में इस थीम ने निवेशकों को दिया शानदार रिटर्न, लेकिन क्या सिर्फ़ रिटर्न देखकर फ़ंड चुनना सही है?

पिछले 10 साल में इस थीम ने निवेशकों को दिया शानदार रिटर्न, लेकिन क्या सिर्फ़ रिटर्न देखकर फ़ंड चुनना सही है?AI-generated image

सारांशः पिछले एक दशक में इंफ्रास्ट्रक्चर थीम पर दांव लगाने वाले कुछ फ़ंड्स ने निवेशकों को शानदार कमाई कराई है - इतनी कि ₹10,000 की छोटी सी मंथली SIP भी आज लाखों की रकम में बदल चुकी है. लेकिन इससे पहले कि आप भी इस थीम में कूदें, यहां जानिए इन टॉप 5 फ़ंड्स का पूरा हिसाब-किताब और क्यों सिर्फ़ रिटर्न देखकर फ़ैसला लेना खतरनाक हो सकता है.

इंफ्रास्ट्रक्चर फ़ंड वे इक्विटी म्यूचुअल फ़ंड हैं जो सड़क, बिजली, पोर्ट, टेलीकॉम और निर्माण जैसे क्षेत्रों से जुड़ी कंपनियों में निवेश करते हैं. ये सेक्टोरल/थीमैटिक कैटेगरी में आते हैं, यानी SEBI के नियमों के मुताबिक़ इन्हें अपने कुल एसेट्स का कम से कम 80% हिस्सा इसी थीम से जुड़ी कंपनियों में लगाना होता है. सामान्य डाइवर्सिफ़ाइड इक्विटी फ़ंड की तुलना में इनका पोर्टफ़ोलियो कहीं ज्यादा कंसंट्रेटेड (concentrated) होता है, इसलिए इनमें उतार-चढ़ाव भी ज़्यादा तेज़ देखने को मिलता है.

पिछले 10 साल में इस थीम ने निवेशकों को बहुत अच्छा रिटर्न दिया है. 20 अगस्त 2026 तक के आंकड़ों के मुताबिक टॉप 5 इंफ्रास्ट्रक्चर फ़ंड्स ने 21% से 23% से कुछ ज़्यादा तक का सालाना SIP रिटर्न दिया है. अगर किसी ने 10 साल पहले इनमें से किसी टॉप-परफ़ॉर्मिंग फ़ंड में ₹10,000 की मासिक SIP शुरू की होती, तो कुल ₹12 लाख का निवेश आज बढ़कर करीब ₹37-41 लाख के बराबर हो सकता था.

यहां हम ऐसे पांच फ़ंड्स पर नज़र डाल रहे हैं.

#5 Invesco India Infrastructure Fund

  • 10 साल में ₹10,000 की मंथली SIP की वैल्यू:: करीब ₹37.14 लाख (अनुमानित, रिटर्न के आधार पर)
  • 10 साल का SIP रिटर्न: 21.42%
  • एक्सपेंस रेशियो: - 0.76%
  • एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM): - ₹1,540 करोड़

टॉप 5 स्टॉक होल्डिंग्स

कंपनी नेट एसेट्स का %
Honeywell Automat 9.76
Larsen & Toubro 5.8
Schneider Electric 5.8
ABB India 4.13
Grindwell Norton 4.06

#4 DSP India T.I.G.E.R. Fund

  • 10 साल में ₹10,000 की मंथली SIP की वैल्यू:: करीब ₹37.35 लाख (अनुमानित, रिटर्न के आधार पर)
  • 10 साल का SIP रिटर्न: 21.52%
  • एक्सपेंस रेशियो: - 0.73%
  • एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM): - ₹6,325 करोड़

टॉप 5 स्टॉक होल्डिंग्स

कंपनी नेट एसेट्स का %
Reliance Ind 6.76
NTPC 5.08
Apollo Hospitals 4.27
Larsen & Toubro 3.67
Hindustan Aero 3.11

#3 LIC MF Infrastructure Fund

  • 10 साल में ₹10,000 की मंथली SIP की वैल्यू:: करीब ₹37.3 लाख (अनुमानित, रिटर्न के आधार पर)
  • 10 साल का SIP रिटर्न: 21.53%
  • एक्सपेंस रेशियो: - 0.68%
  • एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM): - ₹1,145 करोड़

टॉप 5 स्टॉक होल्डिंग्स

कंपनी नेट एसेट्स का %
INDO-MIM 5.46
Tata Motors Passenger Vehicles 3.64
Tata Motors 3.6
Garware Hi-Tech 3.58
The Phoenix Mills 3.42

#2 Bank of India Manufacturing & Infra Fund

  • 10 साल में ₹10,000 की मंथली SIP की वैल्यू:: करीब ₹39.20 लाख (अनुमानित, रिटर्न के आधार पर)
  • 10 साल का SIP रिटर्न: 22.41%
  • एक्सपेंस रेशियो: - 0.61%
  • एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM): - ₹893 करोड़

टॉप 5 स्टॉक होल्डिंग्स

कंपनी नेट एसेट्स का %
Reliance Ind 7.88
Larsen & Toubro 5.62
NTPC 5.3
ITC 4.15
Dixon Technologies 3.89

#1 Quant Infrastructure Fund

  • 10 साल में ₹10,000 की मंथली SIP की वैल्यू:: करीब ₹41.02 लाख (अनुमानित, रिटर्न के आधार पर)
  • 10 साल का SIP रिटर्न: 23.25%
  • एक्सपेंस रेशियो: - 0.65%
  • एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM): - ₹3,146 करोड़

टॉप 5 स्टॉक होल्डिंग्स

कंपनी नेट एसेट्स का %
Samvardhana Motherson 8.8
Adani Green Energy 8.74
Kalyani Steels 6.83
Adani Power 6.72
Adani Enterprises 6.2

टॉप 5 इंफ्रा फ़ंड, एक नजर में

10 साल पहले शुरू की गई ₹10,000 की मासिक SIP ने इन फ़ंड्स में यह रिटर्न दिया

फ़ंड 10 साल का SIP रिटर्न Value Research रेटिंग
Quant Infrastructure 23.25% ★★
Bank of India Manufacturing & Infra 22.41% ★★★★★
LIC MF Infrastructure 21.53% ★★★★★
DSP India T.I.G.E.R. 21.52% ★★★★★
Invesco India Infrastructure 21.42% ★★★
रिटर्न डायरेक्ट प्लान के लिए हैं और 20 अगस्त 2026 तक के हैं.

ध्यान देने वाली बात यह है कि सबसे ज्यादा रिटर्न देने वाले Quant Infrastructure को सबसे कम, यानी सिर्फ 2-स्टार रेटिंग मिली है, जबकि तीन अन्य फ़ंड्स को 5-स्टार रेटिंग हासिल है. इससे एक ज़रूरी सबक़ मिलता है - पिछला रिटर्न ही किसी फ़ंड की क्वालिटी का पैमाना नहीं होता. रेटिंग रिस्क-एडजस्टेड परफ़ॉर्मेंस (risk-adjusted performance), निरंतरता और पोर्टफ़ोलियो की क्वालिटी जैसे कई पहलुओं को भी ध्यान में रखती है, जो अकेले रिटर्न के आंकड़े में नहीं दिखते.

क्या आपको इंफ्रा फ़ंड में निवेश करना चाहिए?

सेक्टोरल और थीमैटिक फ़ंड, जिनमें इंफ्रास्ट्रक्चर फ़ंड भी शामिल हैं, डाइवर्सिफ़ाइड इक्विटी फ़ंड से मौलिक रूप से अलग हैं. ये किसी एक सेक्टर या थीम पर बड़ा दांव लगाते हैं, इसलिए इनका जोखिम-रिटर्न प्रोफाइल भी अलग होता है:

  • कंसंट्रेशन का जोखिम ज्यादा है. एक सामान्य डाइवर्सिफ़ाइड फ़ंड अलग-अलग सेक्टरों में निवेश बांटकर जोखिम कम करता है. इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे थीमैटिक फ़ंड में यह सुरक्षा नहीं मिलती - अगर वह सेक्टर या थीम पिछड़ जाए, तो पूरे निवेश पर असर पड़ता है.
  • साइकिल पर निर्भरता ज्यादा है. इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनियां ब्याज दरों, सरकारी नीतियों और कैपेक्स साइकिल से गहराई से जुड़ी होती हैं. जो तेज़ी एक दौर में शानदार रिटर्न देती है, वही मंदी के दौर में उतनी ही तेज़ गिरावट भी ला सकती है.
  • सही समय पर एंट्री-एग्ज़िट मुश्किल है. डाइवर्सिफ़ाइड फ़ंड लंबी अवधि में खरीद-मूल्य (entry point) से काफी हद तक स्वतंत्र होकर अच्छा प्रदर्शन कर सकते हैं, लेकिन थीमैटिक फ़ंड में समय का चुनाव गलत होने पर लंबे समय तक कमजोर प्रदर्शन झेलना पड़ सकता है.

इसीलिए वैल्यू रिसर्च की सामान्य सलाह यह रहती है कि ज्यादातर निवेशकों के लिए सेक्टोरल डाइवर्सिफिकेशन की चिंता करने की ज़रूरत ही नहीं होनी चाहिए - अच्छे ट्रैक रिकॉर्ड वाले, अच्छी तरह चुने गए डाइवर्सिफ़ाइड इक्विटी फ़ंड में निवेश करना ही काफी है, क्योंकि ये पहले से अलग-अलग सेक्टरों में विवेकपूर्ण ढंग से निवेश बांटते हैं. अगर फिर भी आप किसी थीम या सेक्टर में अतिरिक्त एक्सपोज़र लेना चाहते हैं, तो इसे अपने पोर्टफ़ोलियो का एक छोटा हिस्सा ही रहने दें - कोई भी एक सेक्टर आपके कुल पोर्टफ़ोलियो के 30-35% से ज्यादा और टॉप तीन सेक्टर मिलाकर 50-60% से ज्यादा नहीं होने चाहिए. साथ ही, ऐसे निवेश तभी करें जब आप उस सेक्टर या थीम को अच्छी तरह समझते हों, लंबी अवधि (कम से कम 7-10 साल) तक टिके रहने और बीच के गहरे उतार-चढ़ाव झेलने के लिए तैयार हों.

पिछले 10 साल का शानदार प्रदर्शन यह ज़रूर बताता है कि इंफ्रास्ट्रक्चर थीम ने निवेशकों को अच्छा रिटर्न दिया है, लेकिन यह भविष्य के रिटर्न की गारंटी नहीं है. किसी फ़ंड में निवेश से पहले सिर्फ रिटर्न ही नहीं, बल्कि उसकी मौजूदा रेटिंग, पोर्टफ़ोलियो स्ट्रक्चर, जोखिम और अपने निवेश लक्ष्यों को भी साथ में ज़रूर देखें.

यह भी पढ़ेंः 5 दमदार स्मॉल-कैप फ़ंड, 10 साल में 10 हज़ार की SIP से बना दिए 35 लाख

वैल्यू रिसर्च से पूछें aks value research information

कोई सवाल छोटा नहीं होता. पर्सनल फ़ाइनांस, म्यूचुअल फ़ंड्स, या फिर स्टॉक्स पर बेझिझक अपने सवाल पूछिए, और हम आसान भाषा में आपको जवाब देंगे.


टॉप पिक

नई SIP के लिए फिर खुले 3 ग्लोबल फ़ंड

पढ़ने का समय 6 मिनटआकार रस्तोगी

ख़ामोश पार्टनर

पढ़ने का समय 5 मिनटधीरेंद्र कुमार

एक ग्लोबल फ़ंड फिर खुला, जबकि बाक़ी बंद होते जा रहे हैं

पढ़ने का समय 6 मिनटआकार रस्तोगी

दो रेटिंग एजेंसियां, लेकिन एक-दूसरे से अलग होता दांव

पढ़ने का समय 6 मिनटसत्यजीत सेन

जो आपको दिखाई नहीं देता, वही आपको मिलता है

पढ़ने का समय 5 मिनटधीरेंद्र कुमार down-arrow-icon

म्यूचुअल फंड पॉडकास्ट

updateनए एपिसोड हर शुक्रवार

रोज़ नहीं, साल में एक बार देखें

अपने पोर्टफ़ोलियो को रोज़ लाल-हरे रंग में देखने के बजाय, साल में सिर्फ़ एक बार ध्यान से देखना काफ़ी है

These are advertorial stories which keeps Value Research free for all. Click here to mark your interest for an ad-free experience in a paid plan

दूसरी कैटेगरी