न्यूज़वायर

RBI MPC: 'कहीं खुशी, कहीं गम' देने को तैयार

RBI का रेपो रेट बढ़ने पर आपको सेविंग स्कीम पर ब्याज और लोन की दरें बढ़ने के लिए भी तैयार रहना चाहिए

RBI का रेपो रेट बढ़ने पर आपको सेविंग स्कीम पर ब्याज और लोन की दरें बढ़ने के लिए भी तैयार रहना चाहिए

back back back
3:10

RBI MPC: सरकार ने हाल में अप्रैल-जून की तिमाही के लिए स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स की ब्याज दरों में बढ़ोतरी की बड़ी सौगात दी. साथ ही सोमवार, 3 अप्रैल को RBI की मॉनिटरी पॉलिसी कमेटी की बैठक भी शुरू हो गई है. इसमें पॉलिसी रेट्स, 25 बेसिस प्वाइंट्स बढ़ जाने की उम्मीद की जा रही है. इन दोनों ख़बरों का आपस में ख़ासा लिंक है. रेपो रेट बढ़ने की स्थिति में जहां सेविंग्स पर मिलने वाली ब्याज दर बढ़ जाती है, तो साथ ही अलग-अलग तरह के लोन लेने वालों पर EMI का बोझ भी बढ़ जाता है.

यानी, इस बार भी रेपो रेट का बढ़ना आपके लिए 'तोहफ़ा' और 'झटका' दोनों एक साथ लेकर आएगा.

एक साल में 2.50% बढ़ा रेपो रेट
RBI Repo Rate: महंगाई को क़ाबू करने के लिए दुनिया भर के केंद्रीय बैंकों की ब्याज दरों में बढ़ोतरी के बीच, पिछले एक साल के दौरान RBI लगातार 6 मॉनिटरी पॉलिसी मीटिंग्स में रेपो रेट बढ़ा चुका है. इस तरह, मई 2022 से फ़रवरी 2023 के बीच, रेपो रेट 4 फ़ीसदी से बढ़कर 6.50 फ़ीसदी के स्तर पर पहुंच चुका है. दिलचस्प बात है कि इससे पहले लगातार दो साल, यानी मई 2020 से अप्रैल 2022 के बीच रेपो रेट 4 फ़ीसदी के स्तर पर स्थिर रहा था.

यह भी पढ़ें- NPS में कौन सा ऑप्शन आपके लिए है बेहतर

कितना महंगा हुआ लोन
इससे जहां आपके डिपॉज़िट पर रिटर्न बढ़ा, वहीं आपको लोन की EMI भी बढ़ी और इस तरह से एक तगड़ा झटका भी लगा. देश के पब्लिक सेक्टर के सबसे बड़े बैंक SBI के बेस रेट पर ग़ौर करें, तो मार्च 2022 से मार्च 2023 के बीच, उसका बेस रेट 7.55 फ़ीसदी से बढ़ाकर, 10.10 फ़ीसदी हो गया. यानी, बीते एक साल के दौरान SBI का बेस रेट 2.55 फ़ीसदी बढ़ चुका है.

दरअसल, बेस रेट वो रेट है जिससे कम की ब्याज दर पर बैंक कोई लोन नहीं दे सकता. साफ़ है कि बीते एक साल के दौरान SBI के सभी लोन लगभग 2.55 फ़ीसदी महंगे हो गए हैं.

माना जाता है कि SBI द्वारा तय ब्याज दरों के आधार पर दूसरे सरकारी और निजी बैंक अपने लोन की दरें तय करते हैं.

स्मॉल सेविंग स्कीम के लिए ब्याज दरें बढ़ी
सरकार ने हाल में पोस्ट ऑफ़िस सेविंग डिपॉज़िट और पब्लिक प्रॉविडेंट फ़ंड (PPF) को छोड़कर, सभी स्मॉल सेविंग्स स्कीम्स (small savings schemes) के लिए ब्याज दरें बढ़ाने का ऐलान किया है. ये बदलाव अप्रैल-जून, 2023 तिमाही के लिए हुआ है. नेशनल सेविंग्स सर्टिफ़िकेट यानी NSC के लिए ब्याज दर 7 फ़ीसदी से बढ़ाकर 7.7 फीसदी कर दी गई है. पोस्ट ऑफ़िस के सभी टर्म डिपॉजिट के लिए ब्याज दरों में 10 बेसिस प्वाइंट्स से 50 प्वाइंट्स तक की बढ़ोतरी की गई है.

ऐसे में रेपो रेट में और बढ़ोतरी सुरक्षित और सुनिश्चित रिटर्न पर भरोसा करने वालों के लिए अच्छी ख़बर हो सकती है. इससे आगे स्मॉल सेविंग्स की ब्याज दरों में बढ़ोतरी की संभावनाएं बढ़ जाएंगी.

यह भी पढ़ें- कितनी फ़ायदेमंद है डिविडेंड ग्रोथ इन्वेस्टिंग

वैल्यू रिसर्च से पूछें aks value research information

कोई सवाल छोटा नहीं होता. पर्सनल फ़ाइनांस, म्यूचुअल फ़ंड्स, या फिर स्टॉक्स पर बेझिझक अपने सवाल पूछिए, और हम आसान भाषा में आपको जवाब देंगे.


टॉप पिक

6 इंटरनेशनल फ़ंड्स ने अपनी पुरानी SIP बंद कीं, 5 ले रहे हैं नया निवेश

पढ़ने का समय 6 मिनट•आकार रस्तोगी

गिरावट कमज़ोर इनकम प्लान की पोल खोल देती है, क्या आपका प्लान सुरक्षित है?

पढ़ने का समय 2 मिनट•आशुतोष गुप्ता

Jio Platforms: अगले दौर की ग्रोथ कहां से आएगी?

पढ़ने का समय 7 मिनट•सत्यजीत सेन

EAAA India Alternatives IPO: निवेश की दुनिया में एक अलग तरह की फंड मैनेजर

पढ़ने का समय 6 मिनट•अर्पित सूरी

आपका शेयर 52-वीक लो पर पहुंच गया, अब क्या करें?

पढ़ने का समय 5 मिनट•अभिनव गोयल

वैल्यू रिसर्च हिंदी पॉडकास्ट

updateनए एपिसोड हर शुक्रवार

तीन साल का इंतज़ार

अभी-अभी पैर जमा रहे फ़ंड्स को परखने का चार-टेस्ट वाला तरीक़ा

अन्य एपिसोड

दूसरी कैटेगरी