मैनेजर स्पीक

जो सेक्टर दबाव में हैं हमें लुभाते हैं: ICICI प्रू के सीनियर फ़ंड मैनेजर

एक एक्सक्लूसिव बातचीत मित्तल कलावाडिया से, जो ICICI प्रूडेंशियल इक्विटी एंड डेट फ़ंड के ज़बरदस्त प्रदर्शन पर बात कर रहे हैं

एक एक्सक्लूसिव बातचीत मित्तल कलावाडिया से, जो ICICI प्रूडेंशियल इक्विटी एंड डेट फ़ंड के ज़बरदस्त प्रदर्शन पर बात कर रहे हैं

मित्तल कलावाडिया, ICICI प्रूडेंशियल AMC के सीनियर फ़ंड मैनेजर, कंपनी के फ्लैगशिप ऑपरेशन का इक्विटी वाला हिस्सा को-मैनेज करते हैं, ICICI प्रू इक्विटी एंड डेट फ़ंड, एक अग्रेसिव हाइब्रिड फ़ंड है जिसने अपने निवेशकों को लगातार रिटर्न दिए हैं. पिछले दो साल ख़ासतौर पर काफ़ी अच्छे रहे हैं, जिसमें फ़ंड को नई ऊचाइयां हासिल हुईं. फ़ंड के बेहतर प्रदर्शन के चलते, हमने श्री कलावाडिया से संपर्क किया ताकि हम इस प्रदर्शन की वजहें, न्यू-एज स्टॉक्स (new-age stocks) पर उनके विचार और फ़ंड हाउस के स्टॉक के चुनाव का तरीक़ा समझ सकें. बरसों से हाई TER होने के बावजूद ICICI प्रू इक्विटी एंड डेट फ़ंड लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहा है. दिलचस्प ये है कि पिछले दो साल में इसका प्रदर्शन इतना बढ़िया रहा है कि ये अपनी अलग लीग में है. इसके बेहतर प्रदर्शन के लिए कौन से कारण ज़िम्मेदार रहे? सबसे पहले तो फ़ंड को इक्विटी (equity) और डेट (debt) दोनों मोर्चों पर डायनैमिक तरीक़े से मैनेज किया जाता है. इक्विटी और डेट एलोकेशन के मामले में सही फ़ैसले लेना एक बड़ा कारण रहा है. दूसरे, अलग-अलग समय पर हमारे मिड-कैप और स्मॉल-कैप एलोकेशन को बढ़ाने और घटाने में सिस्टमैटिक होने की वजह से फ़ंड के प्रदर्शन में मदद मिली है. NBFC संकट के बाद, स्मॉल और मिडकैप अस्थिर हो गए थे और फ़ंड ने धीरे-धीरे ही सही पर लगातार हमारे मिड- और स्मॉल-कैप एलोकेशन में बढ़ोतरी की है और उसकी वजह वैल्युएशन का बहुत आकर्षक होना था. इसलिए, 2018-20 से, हमने लगातार मिड (mid-cap) और स्मॉल-कैप (small-cap) में अपना एलोकेशन बढ़ाया, लेकिन मार्च-21 और सितंबर-21 के बीच, एलोकेशन लगातार कम हो गया है. जब बाज़ार में कोविड के बाद तेज़ी आई, तो इस अप्रोच ने हमें अल्फ़ा बनाने में मदद की. तीसरा, ऐसे नामों को चुनने के आधार पर काउंटर-साइक्लिकल/कॉन्ट्रेरियन (counter-cyclical/ contrarian) और बॉटम-अप अप्रोच के साथ पोर्टफ़ोलियो बनाया, जो भविष्य में मार्केट शेयर हासिल करने वाले थे और धैर्य के साथ निवेश में बने रहने से पोर्टफ़ोलियो प्रदर्शन में मदद मिली. मिसाल के तौर पर, 2018-20 से, हम मेटल, पावर, टेलिकॉम, तेल, गैस और बैंक पर अंडरवेट थे. ये कॉल हर एक सेक्टर के सायकल और वैल्युएशन पर आधारित थीं. मिड और स्मॉल-कैप एलोकेशन के साथ-साथ हमें अगले तीन साल में अल्फ़ा बनाने में मदद मिली. इसके बाद, 2021 की रैली में मिड और स्मॉल कैप के एलोकेशन में कटौती से पोर्टफ़ोलियो के प्रदर्शन में ज़्यादा मदद मिली, क्योंकि ये सेक्टर सुस्ती के दौर से गुज़र रहा था. ट्रिमिंग के नतीजे में, अप-मूव में बनाए गए अल्फ़ा को बरक़रार रखा जा सकता है. कुल मिलाकर, पोर्टफ़ोलियो में बहुत उतार-चढ़ाव लेना और कुछ समय तक इंतज़ार करना, अच्छा काम क

ये लेख पहली बार अक्तूबर 26, 2023 को पब्लिश हुआ.

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