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म्‍युचुअल फंड और शेयरों में क्‍या अंतर है ?

धीरेंद्र कुमार इक्विटी म्‍युचुअल फंड और शेयरों में निवेश के अंतर के बारे में बता रहे हैं

धीरेंद्र कुमार इक्विटी म्‍युचुअल फंड और शेयरों में निवेश के अंतर के बारे में बता रहे हैं

म्‍युचुअल फंड और शेयरों में निवेश से मिलने वाले रिटर्न में क्‍या अंतर है। इसके अलावा इनके रिटर्न पर कितना टैक्‍स लगता है ?

गुरूनाथ

मुझे लगता है कि आप इक्विटी म्‍युचुअल फंड और शेयरों में अंतर के बारे में जानना चाहते हैं। इनमें ज्‍यादा अंतर नहीं है। जब आप शेयरों में निवेश करते हैं तो इसका मतलब है कि किसी कंपनी का शेयर चुनते हैं और इस तरह से कंपनी को जो मुनाफा होता है उसमें एक हिस्‍सा आपको भी मिलता है। सीधे किसी कंपनी का शेयर खरीदने के अपने फायदे और नुकसान हैं। इसके लिए आपको कंपनी के बारे में अच्‍छी तरह से रिसर्च करना चाहिए। इसके अलावा सीधे शेयरों में निवेश करने वालों को अपने निवेश को डायवर्सीफाई भी करना चाहिए। वहीं जब आप किसी फंड में छोटी रकम भी निवेश करते हैं तो आपको एक बार में कई कंपनियों के शेयर मिलते हैं। इससे आपका निवेश अपने आप डायवर्सीफाई हो जाता है। इसके अलावा आपके पैसे का प्रबंधन पेशेवर लोग यानी फंड मैनेजर करता है। लेकिन इसके बदले में फंड फीस लेते हैं। इसकी वजह से डायरेक्‍ट प्‍लान में आपका रिटर्न लगभग 1 फीसदी और रेग्‍युलर प्‍लान में 1.5 से 2 फीसदी तक कम हो जाता है।

शेयरों और इक्विटी म्‍युचुअल फंड दोनों पर एक ही तरह से टैक्‍स लगता है। अगर आप कोई शेयर एक साल से कम अवधि के लिए रखते हैं तो रिटर्न पर 15 फीसदी शार्ट टर्म कैपिटल गेन टैक्‍स लगेगा। वहीं अगर आप शेयर में निवेश एक साल से अधिक समय तक बनाए रखते हैं तो सालाना 1 लाख रुपए से अधिक के रिटर्न पर 10 फीसदी लॉग टर्म कैपिटल गेन टैक्‍स लगेगा। इक्विटी म्‍युचुअल फंड पर भी ऐसे ही टैक्‍स लगता है। हालांकि म्‍युचुअल फंड में निवेश के कुछ खास फायदे हैं। अगर फंड मैनेजर आपके फंड खरीदता या बेचता है तो इस पर कैपिटल गेन्‍स टैक्‍स नहीं लगता है। एक और अहम बात जब तक आप अपने म्‍युचुअल फंड को बेचते नहीं तब तक आपको कैपिटल गेन्‍स टैक्‍स नहीं देना होगा। यानी जब तक आप निवेश बनाए रखते हैं तब तक आपको कोई कैपिटल गेन्‍स टैक्‍स नहीं देना है। हां जब आप फंड बेचते हैं और आपका रिटर्न 1 लाख रुपए से अधिक है तो आपको कैपिटल गेन्‍स टैक्‍स देना होगा।

ये लेख पहली बार नवंबर 01, 2019 को पब्लिश हुआ.

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