
आप म्युचुअल फंड में एकमुश्त निवेश को हतोत्साहित करते हुए एसआईपी के जरिए निवेश का सुझाव क्यों देते हैं ? कभी कभी मेरे जैसे निवेशक सही समय पर बाजार में एकमुश्त निवेश न करने को लेकर अफसोस करते हैं। एडवाइजर्स एक बार में बड़ी रकम निवेश करने से मना क्यों करते हैं ?
-विजय
हम निवेशकों को एकमुश्त रकम निवेश करने से मना इसलिए करते हैं क्योंकि इसमें इस बात का जोखिम होता है कि आपका निवेश बाजार में उस समय हो सकता है जब बाजार अपने उच्चतम स्तर पर हो। उदाहरण के लिए आपके पास 10 लाख रुपए हैं। अब आपके पास विकल्प है कि आप एकबार में पूरी निवेश करें या एकमुश्त निवेश करें या एसआईपी के जरिए अपने निवेश को फैला कर अगले 10 माह में निवेश करें। अगर आप सही समय पर निवेश करते हैं जैसे आपके पास यह रकम मार्च में होती और आपने उस समय एकमुश्त निवेश किया होता जब बाजार निचले स्तर पर थाथा और बाद में बाजार ऊपर गया तो आपने एकमुश्त निवेश से बड़ा मुनाफा कमाया होता। लेकिन अगर आपने यही रकम जनवरी में निवेश की होती जब बाजार उच्चतम स्तर पर था तो आपके निवेश की वैल्यू 40 फीसदी तक कम हो जाती, जो आपके लिए काफी निराशाजनक होता। ऐसे में इस बात का अनुमान लगाना बहुत कठिन है कि एकमुश्त निवेश के लिए यह सही समय है या नहीं।
वहीं दूसरी तरफ एसआईपी के जरिए निवेश करते हुए निवेशक बाजार के उतार चढ़ाव की चिंता से बच सकता है। लेकिन अगर कोई निवेशक एकमुश्त निवेश करना चाहता है तो वह ऐसा कर सकता है लेकिन उसे बाजार में गिरावट आने पर हिम्मत दिखानी होगी और तनाव से बचना होगा। अगर वह ऐसा करता है तो वह एकमुश्त निवेश से ऊंचा रिटर्न हासिल कर सकता है। लेकिन ऐसा करना मुश्किल काम है। इसीलिए हम एसआईपी के जरिए निवेश की सलाह देते हैं।
ये लेख पहली बार दिसंबर 28, 2020 को पब्लिश हुआ.


