SIP सही है

घर खरीदने के लिए एसआईपी

घर खरीदने के लिए रकम जुटाने की बात है तो बचत के पारंपरिक तरीकों की तुलना में एसआईपी के जरिए इक्विटी फंड में निवेश ज्‍यादा कारगर हो सकता है

घर खरीदने के लिए रकम जुटाने की बात है तो बचत के पारंपरिक तरीकों की तुलना में एसआईपी के जरिए इक्विटी फंड में निवेश ज्‍यादा कारगर हो सकता है Illustration: Anand Kumar

घर सिर्फ ईंट और सीमेंट का ढांचा भर नहीं होता है। हमारी आपकी भावनाएं घर से जुड़ी होती हैं। वे अपने घर में एक अलग जीवन का अनुभव करते हैं। यह अनुभव किराए के घर से बहुत अलग होता है। घर आपको और आपके परिवार को भरोसे और सुरक्षा का अहसास भी देता है। इसीलिए हमसे से ज्‍यादातर लोगों के लिए अपने घर का सपना जिंदगी का सबसे बड़ा सपना होता है। बहुत से लोग इस सपने को पूरा करने के लिए जी जान लगा देते हैं।
लेकिन दूसरी सपनों की ही तरह अपना घर खरीदना इतना आसान नहीं होता है। खास कर मेट्रो शहरों में एक अच्‍छे घर या फ्लैट की कीमत इतनी अधिक होती है कि बहुत कम लोग ही मन चाहे समय पर इसे खरीदने की क्षमता रखते हैं। ज्‍यादातर लोगों को घर खरीदने के लिए बैंक से होम लोन लेने की जरूरत होती है। बाद में इस लोन को लंबी अवधि में चुकाना होता है। हालांकि सावधानी से की गई फाइनेंशियल प्‍लानिंग के जरिए घर खरीदने का सपना आसानी से पूरा किया जा सकता है।

अगर आपका सपना भी घर खरीदना है तो इसके लिए जल्‍द से जल्‍द प्‍लानिंग शुरू करें। अगर आप जल्‍द प्‍लानिंग शुरू करते हैं तो आपको घर खरीदने के लिए जरूरी डाउनपेमेंट की रकम जुटाने ज्‍यादा समय मिलेगा। इसके अलावा आपको होम लोन चुकाने के लिए भी ज्‍यादा समय मिलेगा। डाउनपेमेंट वह रकम होती है जो आपको घर खरीदने के लिए चुकानी होती है। उदाहरण के लिए अगर घर की कीमत 1 करोड़ रुपए है तो आपको 20 लाख रुपए डाउनपेमेंट के तौर पर चुकाने होंगे। बाकी 80 लाख रुपए बैंक से होम लोन लेकर चुका सकते हैं।

और अगर आप होम लोन नहीं लेना चाहते हैं तो आपको घर खरीदने के लिए जरूरी रकम का इंतजाम करने के लिए ज्‍यादा समय देना होगा। लेकिन हममें से ज्‍यादातर लोगो के पास यह विकल्‍प नहीं होता है क्‍योंकि हम जल्‍द से जल्‍द अपने घर में रहना चाहते हैं। इसके अलावा जब आप किराए के घर में रहते हुए घर खरीदने के लिए जरूरी रकम जुटा रहे होते हैं तो आप हर माह एक तय रकम किराए के तौर पर चुका रहे होते हैं। ऐसे में हर कोई चाहता है कि यह रकम होम लोन की किश्‍त में जाए तो बेहतर है।

ज्‍यादातर लोग जब घर खरीदना चाहते हैं तो इसके लिए जरूरी डाउनपेमेंट की रकम चुकाना ही बड़ी चुनौती बन जाती है। एसआईपी के जरिए म्‍युचुअल फंड में नियमित तौर पर निवेश डाउनपेमेंट की रकम जुटाने का बेहतर तरीका है। मान लेते हैं कि आप हर माह 20,000 रुपए बचाते हैं और आप 20 लाख रुपए की रकम जुटाना चाहते हैं। आप अपनी 20,000 रुपए की मासिक बचत को स्‍वीप इन फिक्‍स्ड डिपॉजिट में डाल देते हैं और इस पर सालाना 6.5 फीसदी ब्‍याज मिलता है तो आपको 20 लाख रुपए की रकम जुटाने के लिए 6.65 साल लगेंगे। वहीं अगर आप अपनी मासिक बचत को एसआईपी के जरिए किसी अच्‍छे इक्विटी फंड में निवेश करें और सालाना रिटर्न 12 फीसदी मान लें तो आप 5.76 साल में ही 20 लाख रुपए की रकम बना लेंगे।

एसआईपी के जरिए निवेश करते हुए आप अनुशासित रहते हैं। घर खरीदने के लिए डाउनपेमेंट की रकम इतनी ज्‍यादा होती है कि बहुत से लोग इसी वजह से घर खरीदने का विचार ही छोड़ देते हैं। एसआईपी आपको उम्‍मीद देती है। आप छोटी छोटी बचत को नियमित तौर पर निवेश करके अगले कुछ सालों में जरूरी रकम जुटा सकते हैं। एसआईपी आपके निवेश को बाजार के उतार चढ़ाव से भी बताती है क्‍योंकि यह समय के साथ निचेश की लागत को औसत कर देती है। एसआईपी सीमित जोखिम के साथ बाजार से जुड़ा रिटर्न हासिल करने में आपकी मदद करती है।

ये लेख पहली बार नवंबर 13, 2019 को पब्लिश हुआ.

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