फंड वायर

मोतीलाल ओसवाल के लार्ज-कैप फ़ंड ने कैसे दिया 14.5% का शानदार अल्फ़ा?

पिछले 12 महीनों की शानदार परफॉर्मेंस के पीछे का राज बता रहे हैं एक फ़ंड मैनेजर

पिछले 12 महीनों की शानदार परफॉर्मेंस के पीछे का राज बता रहे हैं एक फ़ंड मैनेजर

ऐसे समय में जब ज़्यादातर लार्ज-कैप म्यूचुअल फ़ंड सिंगल-डिजिट रिटर्न देने के लिए भी जूझ रहे हैं, मोतीलाल ओसवाल लार्ज-कैप फ़ंड पिछले एक साल में 19.5% का शानदार रिटर्न देकर लार्ज-कैप कैटेगरी में सबसे बेहतरीन स्कीम बन गया है.

इसके मुकाबले, इस कैटेगरी में सिर्फ़ एक और लार्ज-कैप फ़ंड डबल-डिजिट रिटर्न दे पाया: DSP लार्ज-कैप फ़ंड, जिसने 11.2% का रिटर्न दिया. वहीं, लार्ज-कैप यूनिवर्स का बेंचमार्क, निफ़्टी 100 TRI, इसी अवधि में केवल 5% बढ़ा.

इस शानदार प्रदर्शन की वजह
मोतीलाल ओसवाल एसेट मैनेजमेंट के CIO निकेत शाह के मुताबिक़, फ़ंड की सफलता कुछ बुनियादी सिद्धांतों पर टिकी है. उन्होंने बताया, “जब हम किसी सेक्टर-मान लीजिए, IT-पर बुलिश होते हैं, तो हम पूरे स्पेक्ट्रम को देखते हैं: लार्ज-कैप, मिड-कैप, स्मॉल-कैप; IT सर्विसेज बनाम इंजीनियरिंग रिसर्च एंड डेवलपमेंट (ER&D). हर सेगमेंट की ग्रोथ प्रोफाइल अलग होती है.”

ग़लतियों से बचना भी उतना ही अहम है. इस फ़ंड को अतुल मेहरा, अजय खंडेलवाल और राकेश शेट्टी के साथ मिलकर मैनेज करने वाले शाह कहते हैं, “कम से कम ग़लतियां करें, ज़्यादा सटीक बनें और हमेशा बाज़ार से एक कदम आगे रहें.”

टीम ने 20% तक मिड और स्मॉल-कैप स्टॉक्स में निवेश के अपने लचीलेपन का भी रणनीतिक इस्तेमाल किया. कुछ चुनिंदा बेहद भरोसेमंद IPO पर दांव लगाने से भी अल्फ़ा बढ़ा. इस समय फ़ंड का मिड-कैप एक्सपोज़र 7% है, जो कैटेगरी के औसत 2.35% से कहीं ज़्यादा है.

एक और अहम रणनीति अनुशासित बिक्री है. फ़ंड उन स्टॉक्स से बाहर निकल जाता है, जब वैल्यूएशन बहुत ज़्यादा हो जाता है, कमाई के जोखिम बढ़ जाते हैं या उसी सेक्टर में कोई और आकर्षक मौक़ा दिखता है.

ये भी पढ़ेंः 13.2 अरब डॉलर का फ़ंड मैनेज करते हैं राजीव ठक्कर, जानिए कहां कर रहे हैं निवेश?

2025 में रक्षात्मक रुख

पिछले साल शानदार प्रदर्शन के बावजूद, इस साल अब तक (YTD) फ़ंड की रैंकिंग थोड़ी नीचे आई है, क्योंकि इसने ज़्यादा सतर्क रुख अपनाया है. एक साल की अवधि में ये कैटेगरी 93 फ़ंड्स में पहले स्थान पर है, लेकिन पिछले छह महीनों में ये 44वें स्थान पर खिसक गया.

इसका कारण क्या है? शाह ने बताया, “इस साल जनवरी में हमने सोच-समझकर फ़ैसला लिया कि आने वाला साल अलग होगा. चार साल बाद पहली बार हमें लगा कि कमाई में कमी शुरू हो सकती है. इसलिए, हमने मार्केट पोजिशनिंग, स्टॉक सिलेक्शन और कुल एलोकेशन में ज़्यादा रक्षात्मक रुख अपनाने का फ़ैसला किया.

कुल मिलाकर, मोतीलाल ओसवाल लार्ज-कैप फ़ंड का हालिया शानदार प्रदर्शन एक्टिव मैनेजमेंट की ताकत को दिखाता है, जो सेक्टोरल गहराई, स्टॉक चुनने की समझ और रणनीतिक लचीलेपन पर आधारित है.

ये भी पढ़ेंः क्या भारत का सबसे बड़ा टैक्स-सेविंग फ़ंड वापसी करने जा रहा है?

वैल्यू रिसर्च से पूछें aks value research information

कोई सवाल छोटा नहीं होता. पर्सनल फ़ाइनांस, म्यूचुअल फ़ंड्स, या फिर स्टॉक्स पर बेझिझक अपने सवाल पूछिए, और हम आसान भाषा में आपको जवाब देंगे.


टॉप पिक

अब सिर्फ़ एक इंटरनेशनल फ़ंड में ही नई SIP हो सकती है

पढ़ने का समय 7 मिनटआकार रस्तोगी

रोज़ नहीं, साल में एक बार देखें

पढ़ने का समय 3 मिनटधीरेंद्र कुमार down-arrow-icon

SBI Funds Management IPO: AUM नहीं, फ़ी इंजन की क़ीमत लगाइए

पढ़ने का समय 7 मिनटLekisha Katyal

टैक्स में मिलने वाली छूट, जो अमीर होने के साथ कम पड़ने लगती है

पढ़ने का समय 8 मिनटआकार रस्तोगी

नए टैक्स रिज़ीम में बची आख़िरी बड़ी टैक्स की छूट

पढ़ने का समय 6 मिनटआकार रस्तोगी

म्यूचुअल फंड पॉडकास्ट

updateनए एपिसोड हर शुक्रवार

रोज़ नहीं, साल में एक बार देखें

रोज़ नहीं, साल में एक बार देखें

अपने पोर्टफ़ोलियो को रोज़ लाल-हरे रंग में देखने के बजाय, साल में सिर्फ़ एक बार ध्यान से देखना काफ़ी है

These are advertorial stories which keeps Value Research free for all. Click here to mark your interest for an ad-free experience in a paid plan

दूसरी कैटेगरी